अगरतला में मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा–माणिक साहा की अहम बैठक
त्रिपुरा सुंदरी मंदिर में पूजा, सीएम माणिक साहा के साथ रात्रिभोज
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अगरतला में असम और त्रिपुरा के मुख्यमंत्रियों की विस्तृत बैठक
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परिवहन, ऊर्जा, कृषि और पर्यटन में सहयोग पर चर्चा
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मां त्रिपुरसुंदरी मंदिर को बताया आस्था और पर्यटन का साझा केंद्र
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अधिकारियों की नियमित बैठकों पर सहमति
समग्र समाचार सेवा
अगरतला।15 जनवरी: असम के मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा ने सोमवार को त्रिपुरा की पवित्र मां त्रिपुरसुंदरी की भूमि का दौरा किया और अगरतला में त्रिपुरा के मुख्यमंत्री डॉ. माणिक साहा से महत्वपूर्ण बैठक की। इस अवसर पर दोनों मुख्यमंत्रियों ने राज्यों के बीच सहयोग, आपसी हित के विषयों और क्षेत्रीय विकास के विविध पहलुओं पर सार्थक चर्चा की।
सहयोग और साझा प्रगति पर जोर
बैठक के दौरान दोनों नेताओं ने परिवहन, ऊर्जा, जल संसाधन, पर्यटन और कृषि जैसे क्षेत्रों में आपसी सहयोग को और मजबूत करने पर सहमति जताई। इसके साथ ही राज्य सीमा से जुड़े मुद्दों, आपसी व्यापार और निवेश को बढ़ावा देने के उपायों पर भी विस्तार से विचार-विमर्श हुआ।
नियमित बैठकों पर सहमति
सूत्रों के अनुसार, बैठक में यह निर्णय लिया गया कि दोनों राज्यों के वरिष्ठ अधिकारियों के बीच नियमित बैठकें आयोजित की जाएँगी, जिससे योजनाओं के क्रियान्वयन में तेजी लाई जा सके और समन्वय को बेहतर बनाया जा सके।
सोशल मीडिया पर साझा किया संदेश
मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा ने अपने आधिकारिक सोशल मीडिया मंच पर लिखा कि मां त्रिपुरसुंदरी की पवित्र भूमि पर आकर वे स्वयं को धन्य महसूस कर रहे हैं। उन्होंने मुख्यमंत्री माणिक साहा के साथ हुई चर्चा को दोनों राज्यों के बीच सहयोग और साझा प्रगति की दिशा में महत्वपूर्ण बताया।
धार्मिक और सांस्कृतिक विरासत की सराहना
मुख्यमंत्री सरमा ने त्रिपुरा की सांस्कृतिक और धार्मिक विरासत की प्रशंसा करते हुए कहा कि त्रिपुरा सुंदरी मंदिर दोनों राज्यों के लिए आस्था और पर्यटन का बड़ा केंद्र है। उन्होंने स्पष्ट किया कि उनकी यात्रा केवल आध्यात्मिक नहीं, बल्कि साझा विकास और सहयोग को सशक्त करने की दिशा में भी है।
माणिक साहा का बयान
त्रिपुरा के मुख्यमंत्री डॉ. माणिक साहा ने बैठक को फलदायी बताते हुए कहा कि हिमंता बिस्वा सरमा के नेतृत्व में असम और त्रिपुरा के बीच सहयोग के नए अवसर बनेंगे। उन्होंने व्यापार, उद्योग और सांस्कृतिक आदान–प्रदान को और आगे बढ़ाने की प्रतिबद्धता दोहराई।
सुरक्षा और पर्यटन पर भी चर्चा
बैठक में सीमा क्षेत्रों की सुरक्षा, अवैध गतिविधियों पर नियंत्रण और आपसी संचार तंत्र को मजबूत करने पर भी विचार किया गया। साथ ही पर्यटन क्षेत्र में संयुक्त प्रयासों के ज़रिये दोनों राज्यों के धार्मिक और प्राकृतिक स्थलों को राष्ट्रीय स्तर पर पहचान दिलाने पर सहमति बनी।
संबंधों को नई दिशा
राजनीतिक जानकारों के अनुसार, मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा की यह यात्रा असम और त्रिपुरा के बीच राजनीतिक, आर्थिक और सांस्कृतिक संबंधों को नई दिशा देने वाली साबित हो सकती है।