उत्तराखंड के चमोली में ग्लेशियर टूटने से मची तबाही, सीएम ने जारी किया हेल्पलाइन नंबर 1070, 9557444486
समग्र समाचार सेवा
चमौली, 7फरवरी।
उत्तराखंड के चमोली जिले में ग्लेशियर टूट गया। ग्लेशियर टूटने से कई घर बह गये हैं। इससे कई लोगों के बहने की भी आशंका है. ग्लेशियर टूटने से धौलीगंगा नदी का जलस्तर अचानक बेतहाशा बढ़ गया। इससे ऋषिगंगा पॉवर प्रोजेक्ट कोभी भारी नुकसान पहुंचा है. गृह मंत्रालय ने हादसे को संज्ञान में लिया है. गृह मंत्रालय की इस पर नज़र बनी हुई है. NDRF की कई टीमें बचाव कार्य के लिए लगी हुई हैं. चमोली को मलारी से जोड़ने वाला पुल बह गया है।
उत्तराखंड सरकार ने लोगों की मदद के लिए हेल्पलाइन नम्बर (Helpline numbers are- Disaster Operations Center 1070 or 9557444486) भी जारी किया है. ये हेल्प लाइन नम्बर 1070, 9557444486 हैं. इन पर कॉल पर मदद मांगी जा सकती है. उत्तराखंड के सीएम त्रिवेंद्र रावत ने कहा कि सरकार ज़रूरी कदम उठा रही है।
बड़ी तबाही की आशंका को देखते हुए लोगों के ज़ेहन में 2013 में केदारनाथ में भीषण तबाही की यादें ताज़ा हो गई हैं. केदारनाथ में पहाड़ों के टूटने और नदियों में आए उफान ने भयावह हालात पैदा कर दिए थे. दर्जनों लोगों की इसमें मौत हुई थी. बड़ी-बड़ी इमारतों को नुकसान पहुंचा था. बड़े पैमाने पर जान-माल का नुकसान हुआ था. यहाँ तक कि केदारनाथ मंदिर को भी बड़ा नुकसान पहुंचा था।
उत्तराखंड पुलिस ने बताया कि ग्लेशियर के टूटने से ऋषि गंगा पॉवर प्रोजेक्ट को नुकसान पहुंचा है. तपोवन इलाके में टूटे इस ग्लेशियर से अलकनंदा नदी का जल स्तर भी बढ़ सकता है. इसलिए लोगों को सुरक्षित स्थानों पर जाने की सलाह दी गई है. मौके पर एनडीआरएफ की टीम भी है, जो बचाव कार्य में लगी हुई है. पुलिस के साथ ही कई सीनियर अधिकारी भी मौके पर मौजूद हैं।