समग्र समाचार सेवा
पुणे, 4 जुलाई : पुणे में बुधवार को एक आईटी प्रोफेशनल युवती द्वारा दर्ज कराए गए रेप केस में नया मोड़ आ गया है। पुलिस जाँच में सामने आया है कि युवती ने अपने मित्र के खिलाफ बलात्कार की शिकायत “गुस्से में” दर्ज कराई थी। इससे पहले युवती ने दावा किया था कि एक कूरियर डिलीवरी एजेंट ने उसके घर में घुसकर उसके साथ बलात्कार किया था।
पुलिस आयुक्त अमितेश कुमार के अनुसार, युवती ने अपने बयान में स्वीकार किया है कि उसने शुरू में पुलिस को झूठी जानकारी दी थी। उसने बताया कि वह उस दिन शारीरिक संबंध बनाने के लिए तैयार नहीं थी, लेकिन उसके मित्र ने जबरदस्ती की। इस बात से नाराज़ होकर उसने बलात्कार की शिकायत दर्ज कराई।
शुरुआती जाँच के अनुसार, यह उनका पहला मिलना नहीं था। दोनों की मुलाकात एक सामुदायिक कार्यक्रम में हुई थी और बाद में दोनों में दोस्ती हो गई थी। युवक पहले भी कई बार युवती के घर आया था। बुधवार को भी दोनों की आपसी सहमति से मुलाकात हुई थी।
पहले दर्ज की गई शिकायत में युवती ने कहा था कि एक व्यक्ति जो खुद को कूरियर डिलीवरी एजेंट बताकर घर में घुसा, उसने उसके साथ जबरदस्ती की। उसने यह भी दावा किया था कि आरोपी ने उसके फोन से एक सेल्फी खींची जिसमें उसकी पीठ और आरोपी का आधा चेहरा दिखता है, और उसे धमकी दी कि यदि उसने रिपोर्ट की तो वह उसकी तस्वीरें सोशल मीडिया पर डाल देगा।
लेकिन जाँच के दौरान पता चला कि सेल्फी युवती ने खुद खींची थी और उसने फोटो को एडिट करके धमकी वाला संदेश भी खुद लिखा था। पुलिस ने जब आरोपी को हिरासत में लिया तो पता चला कि वह एक उच्च शिक्षित पेशेवर है और दोनों के परिवार एक-दूसरे को जानते हैं। आरोपी अक्सर युवती के घर पर पार्सल डिलीवर करवाता था और तब आता था जब उसके घरवाले नहीं होते।
पुलिस अब मामले की कानूनी दृष्टिकोण से दोबारा जाँच कर रही है और इस बात की भी पड़ताल हो रही है कि युवती के झूठे आरोपों से आरोपी की सामाजिक छवि पर कितना असर पड़ा।