10 जनवरी दैनिक राशिफल एवं आज का पंचांग

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🐏मेष
घर बाहर पूछ-परख रहेगी। आय में मनोनुकूल वृद्धि होगी। नौकरी में प्रमोशन मिलने के योग हैं। निवेश शुभ रहेगा। सभी कार्य समय पर पूरे होंगे। नया काम करने का मन बनेगा। यात्रा की योजना बनेगी। भाइयों का सहयोग मिलेगा। भाग्य का साथ मिलेगा। थोड़े प्रयास से काम बनेंगे। मित्रों का सहयोग कर पाएंगे।

🐂वृष
जोखिम व जमानत के कार्य टालें। मित्रों से विवाद हो सकता है। नौकरी में तनान रहेगा। कार्यभार रहेगा। लेन-देन में जल्दबाजी न करें। दूसरों से अपेक्षा न करें। व्यवसाय में सुधार आएगा। आय में निश्चितता रहेगी। बुरी खबर मिल सकती है। दौड़धूप अधिक होगी। अपनों का व्यवहार विपरीत होगा।

👫मिथुन
अध्ययन में मन लगेगा। वरिष्ठजन सहयोग करेंगे। यात्रा मनोरंजक रहेगी। व्यवसाय से मनोनुकूल लाभ होगा। घर-बाहर प्रसन्नता रहेगी। किसी अनहोनी होने की आशंका रहेगी। नौकरी में अनुकूलता रहेगी। निवेश शुभ रहेगा। झंझटों से दूर रहें। शारीरिक पीड़ा से परेशानी हो सकती है। बौद्धिक कार्य सफल रहेंगे।

🦀कर्क
वाहन, मशीनरी व अग्नि आदि के प्रयोग में लापरवाही भारी पड़ेगी। विशेषकर गृहिणियां सावधानी रखें। बेवजह क्रोध न करें। बात बिगड़ेगी। किसी बड़ी समस्या से सामना हो सकता है। कीमती वस्तुएं गुम हो सकती हैं। लेन-देन में सावधानी रखें। अपेक्षानुरूप कार्य न होने से चिंता तथा तनाव बने रहेंगे।

🐅सिंह
कार्य की बाधा दूर होकर स्थिति अनुकूल बनेगी। नौकरी में तनाव रहेगा। किसी व्यक्ति से कहासुनी हो सकती है। व्यवसाय लाभदायक रहेगा। निवेश में जल्दबाजी न करें। आय बढ़ेगी। प्रसन्नता बनी रहेगी। तीर्थयात्रा तथा सत्संग लाभ के योग हैं। तंत्र-मंत्र में रुचि रहेगी। राजकीय सहयोग मिलेगा।

🙍‍♀️कन्या
आय के स्रोतों में वृद्धि के योग हैं। योजना फलीभूत होगी। भाग्य अनुकूल है। प्रयास करते रहें। लाभार्जन में वृद्धि होगी। घर-बाहर पूछ-परख रहेगी। व्यापार मनोनुकूल रहेगा। नौकरी में तनाव रह सकता है। परिवार में स्वास्थ्य पर अधिक व्यय हो सकता है। आशंका-कुशंका रहेगी। जल्दबाजी में कोई भी निर्णय न लें।

⚖️तुला
आवश्यक बातों पर जल्दबाजी में निर्णय न लें। मेहनत का प्रभाव स्वास्थ्‍य पर पड़ेगा। पारिवारिक चिंता बनी रहेगी। व्यवसाय ठीक चलेगा। वैवाहिक प्रस्ताव मिल सकता है। मित्रों से मुलाकात होगी। लाभ होगा। राजकीय बाधा से तनाव रह सकता है। जल्दबाजी न करें। समय पर सहयोग नहीं मिलेगा।

🦂वृश्चिक
शारीरिक कष्ट से बाधा संभव है। सावधानी रखें। डूबी हुई रकम प्राप्त होने के योग बनते हैं। यात्रा से लाभ होगा। शत्रुओं का पराभव होगा। विवाद से बचें। आय में वृद्धि होगी। घर-बाहर सहयोग व प्रसन्नता रहेगी। सभी ओर से सफलता प्राप्त होगी। किसी अपने वाले का व्यवहार समझ में न आएगा। शांति बनाए रखें।

🏹धनु
किसी बड़े के खर्च के होने के योग हैं। यात्रा में जल्दबाजी न करें। दूसरों से अपेक्षा न करें। सहयोग नहीं मिलेगा। स्वास्थ्य कमजोर रहेगा। शत्रु सक्रिय रहेंगे। जोखिम व जमानत के कार्य टालें। आय में कमी रह सकती है। धैर्य रखें। समय जल्दी ही बदलेगा। लाभ होगा। क्रोध व उत्तेजना पर नियंत्रण रखें। अपरिचित व्यक्ति की बातों में न आएं।

🐊मकर
नवीन वस्त्राभूषण पर व्यय होगा। यात्रा मनोनुकूल रहेगी। नए कार्य मिल सकते हैं। रोजगार में वृद्धि होगी। निवेश शुभ रहेगा। नौकरी में उच्चाधिकारियों का सहयोग व प्रसन्नता प्राप्त होंगे। भाग्य अनुकूल है, लाभ लें। आशंका से बाधा संभव है। परिवार के साथ समय सुखमय गुजरेगा। व्यस्तता रहेगी। झंझटों में न पड़ें।

🍯कुंभ
घर-बाहर प्रसन्नता बनी रहेगी। संपत्ति के बड़े सौदे बड़ा लाभ दे सकते हैं। रोजगार व आय में वृद्धि होगी। नए प्रभावशाली व्यक्तियों से परिचय होगा। घर-बाहर सभी ओर से सहयोग प्राप्त होगा। जल्दबाजी में निर्णय न लें। व्यवसाय ठीक चलेगा। उन्नति के मार्ग प्रशस्त होंगे। किसी कार्य की चिंता अधिक हो सकती है।

🐟मीन
बुद्धि से कार्य करें। कार्यसिद्धि होगी। पारिवारिक रिश्तेदार मिलने घर आ सकते हैं। व्यय होगा। अच्छे समाचार मिलेंगे। जोखिम उठाने का साहस कर पाएंगे। धनार्जन सहज ही होगा। क्रोध न करें। प्रसन्नता में वृद्धि होगी। ईर्ष्यालु व्यक्तियों से सावधान रहें। पीठ पीछे षड्यंत्र रच सकते हैं। शत्रुता बढ़ेगी। चोट व रोग से हानि के योग हैं।

🙏आपका दिन मंगलमय हो🙏

——————————————
*आचार्य ज्योतिष सचिन पांडे

*दिनाँक:-10/01/2026,शनिवार*
सप्तमी, कृष्ण पक्ष,
माघ
“”””””””””””””””””””””””””””””””””””(समाप्ति काल)

तिथि———– सप्तमी 08:23:12. तक
पक्ष————————– कृष्ण
नक्षत्र————– हस्त 15:38:54
योग———— अतिगंड 16:57:25
करण—-‐———- बव 08:23:12
करण———– बालव 21:17:19
वार———————— शनिवार
माह————————— माघ
चन्द्र राशि—– कन्या 28:51:36
चन्द्र राशि——————- तुला
सूर्य राशि -‐———————– धनु
रितु————‐———— शिशिर
आयन——‐————- उत्तरायण
संवत्सर——————- विश्वावसु
संवत्सर (उत्तर) ————-सिद्धार्थी
विक्रम संवत—————- 2082
गुजराती संवत————– 2082
शक संवत—————— 1947
कलि संवत—-‐————- 5126

वृन्दावन
सूर्योदय—————- 07:12:29
सूर्यास्त—————– 17:41:07
दिन काल————– 10:28:37
रात्री काल————– 13:31:23
चंद्रास्त—————– 11:33:53
चंद्रोदय—————– 24:39:31

लग्न —- धनु 25°35′ , 265°35′

सूर्य नक्षत्र—————– पूर्वाषाढा
चन्द्र नक्षत्र–‐—————— हस्त
नक्षत्र पाया——————- रजत

*🚩💮🚩 पद, चरण 🚩💮🚩*

ण—- हस्त 09:05:36

ठ—- हस्त 15:38:54

पे—- चित्रा 22:14:18

पो—- चित्रा 28:51:36

*💮🚩💮 ग्रह गोचर 💮🚩💮*

ग्रह =राशी , अंश ,नक्षत्र, पद
============================
सूर्य= धनु 25°16 , पूoषाo 4 ढा
चन्द्र= कन्या 19°30 , हस्त 3 ण
बुध = धनु 18°52 ‘ पूoषाo 2 धा
शु क्र= धनु 26°05, पूoषाo 4 ढा
मंगल= धनु 25°3 ‘ पूoषाo 4 ढा
गुरु= मिथुन 25°33 पुनर्वसु, 2 को
शनि=मीन 02°13 ‘ पूo भा o , 4 दी
राहू=(व) कुम्भ 17°32 शतभिषा, 4 सू
केतु= (व) सिंह 17°32 पूoफाo 2 टा
============================

*🚩💮🚩 शुभा$शुभ मुहूर्त 🚩💮🚩*

राहू काल 11:08 – 12:26 अशुभ
यम घंटा 15:03 – 16:22 अशुभ
गुली काल 08:31 – 09:49 अशुभ
अभिजित 12:05 – 12:47 शुभ
दूर मुहूर्त 09:18 – 09:59 अशुभ
दूर मुहूर्त 12:47 – 13:29 अशुभ
वर्ज्यम 22:41 – 24:25* अशुभ
प्रदोष 17:40 – 20:26 शुभ

💮चोघडिया, दिन

चर 07:12 – 08:31 शुभ
लाभ 08:31 – 09:49 शुभ
अमृत 09:49 11:08 शुभ
काल 11:08 12:26 अशुभ
शुभ 12:26 13:45 शुभ
रोग 13:45 – 15:03 अशुभ
उद्वेग 15:03 – 16:22 अशुभ
चर 16:22 17:40 शुभ

🚩चोघडिया, रात

रोग 17:40 – 19:22 अशुभ
काल 19:22 21:03 अशुभ
लाभ 21:03 22:45 शुभ
उद्वेग 22:45 – 24:26* अशुभ
शुभ 24:26* -26:08* शुभ
अमृत 26:08* – 27:49* शुभ
चर 27:49*- 29:31* शुभ
रोग 29:31* – 31:12* अशुभ

💮होरा, दिन

शुक्र 07:12 -08:05
बुध 08:05- 08:57
चन्द्र 08:57- 09:49
शनि 09:49- 10:42
बृहस्पति 10:42 -11:34
मंगल 11:34 -12:26
सूर्य 12:26 ‐13:19
शुक्र 13:19- 14:11
बुध 14:11 ‐15:03
चन्द्र 15:03 -15:56
शनि 15:56 -16:48
बृहस्पति 16:48- 17:40

🚩होरा, रात

मंगल 17:40 -18:48
सूर्य 18:48 -19:56
शुक्र 19:56 -21:03
बुध 21:03- 22:11
चन्द्र 22:11 -23:19
शनि 23:19- 24:26
बृहस्पति 24:26-25:34
मंगल 25:34-26:42
सूर्य 26:42-27:49
शुक्र 27:49-28:57
बुध 28:57-30:05
चन्द्र 30:05-31:12

*🚩उदयलग्न प्रवेशकाल 🚩*

धनु > 05:28 से 07:30 तक
मकर > 07:30 से 09:10 तक
कुम्भ > 09:10 से 10:50 तक
मीन > 10:50 से 12:14 तक
मेष > 12:14 से 13:50 तक
वृषभ > 13:50 से 15:48 तक
मिथुन > 15:48 से 18:14 तक
कर्क > 18:14 से 20:24 तक
सिंह > 20:24 से 10:34 तक
कन्या > 10:34 से 01:00 तक
तुला > 01:00 से 03:02 तक
वृश्चिक > 03:02 से 05:22 तक
=======================

*🚩विभिन्न शहरों का रेखांतर (समय)संस्कार*

(लगभग-वास्तविक समय के समीप)
दिल्ली +10मिनट——— जोधपुर -6 मिनट
जयपुर +5 मिनट—— अहमदाबाद-8 मिनट
कोटा +5 मिनट———— मुंबई-7 मिनट
लखनऊ +25 मिनट——–बीकानेर-5 मिनट
कोलकाता +54—–जैसलमेर -15 मिनट

*नोट*– दिन और रात्रि के चौघड़िया का आरंभ क्रमशः सूर्योदय और सूर्यास्त से होता है।
प्रत्येक चौघड़िए की अवधि डेढ़ घंटा होती है।
चर में चक्र चलाइये , उद्वेगे थलगार ।
शुभ में स्त्री श्रृंगार करे,लाभ में करो व्यापार ॥
रोग में रोगी स्नान करे ,काल करो भण्डार ।
अमृत में काम सभी करो , सहाय करो कर्तार ॥
अर्थात- चर में वाहन,मशीन आदि कार्य करें ।
उद्वेग में भूमि सम्बंधित एवं स्थायी कार्य करें ।
शुभ में स्त्री श्रृंगार ,सगाई व चूड़ा पहनना आदि कार्य करें ।
लाभ में व्यापार करें ।
रोग में जब रोगी रोग मुक्त हो जाय तो स्नान करें ।
काल में धन संग्रह करने पर धन वृद्धि होती है ।
अमृत में सभी शुभ कार्य करें ।

*💮दिशा शूल ज्ञान————-पूर्व*
परिहार-: आवश्यकतानुसार यदि यात्रा करनी हो तो लौंग अथवा कालीमिर्च खाके यात्रा कर सकते है l
इस मंत्र का उच्चारण करें-:
*शीघ्र गौतम गच्छत्वं ग्रामेषु नगरेषु च l*
*भोजनं वसनं यानं मार्गं मे परिकल्पय: ll*

*🚩 अग्नि वास ज्ञान -:*
*यात्रा विवाह व्रत गोचरेषु,*
*चोलोपनिताद्यखिलव्रतेषु ।*
*दुर्गाविधानेषु सुत प्रसूतौ,*
*नैवाग्नि चक्रं परिचिन्तनियं ।।* *महारुद्र व्रतेSमायां ग्रसतेन्द्वर्कास्त राहुणाम्*
*नित्यनैमित्यके कार्ये अग्निचक्रं न दर्शायेत् ।।*

15 + 7 + 7 + 1 = 30 ÷ 4 = 2 शेष
आकाश लोक पर अग्नि वास हवन के लिए अशुभ कारक है l

*🚩💮 ग्रह मुख आहुति ज्ञान 💮🚩*

सूर्य नक्षत्र से अगले 3 नक्षत्र गणना के आधार पर क्रमानुसार सूर्य , बुध , शुक्र , शनि , चन्द्र , मंगल , गुरु , राहु केतु आहुति जानें । शुभ ग्रह की आहुति हवनादि कृत्य शुभपद होता है

गुरु ग्रह मुखहुति

*💮 शिव वास एवं फल -:*

22 + 22 + 5 = 49 ÷ 7 = 0 शेष

शमशान वास = मृत्यु कारक

*🚩भद्रा वास एवं फल -:*

*स्वर्गे भद्रा धनं धान्यं ,पाताले च धनागम:।*
*मृत्युलोके यदा भद्रा सर्वकार्य विनाशिनी।।*

*💮🚩 विशेष जानकारी 🚩💮*

* कालाष्टमी

*💮🚩💮 शुभ विचार 💮🚩💮*

गते शोको न कर्तव्यो भविष्यं नैव चिन्तयेत् ।
वर्तमानेन कालेन प्रवर्त्तन्ते विचक्षणाः ।।
।।चाoनीo।।

हम उसके लिए ना पछताए जो बीत गया. हम भविष्य की चिंता भी ना करे. विवेक बुद्धि रखने वाले लोग केवल वर्तमान में जीते है.

*🚩💮🚩 सुभाषितानि 🚩💮🚩*

गीता -: ज्ञानकर्मसन्यासयोग अo-4

अजोऽपि सन्नव्ययात्मा भूतानामीश्वरोऽपि सन्‌।
प्रकृतिं स्वामधिष्ठाय सम्भवाम्यात्ममायया॥

मैं अजन्मा और अविनाशीस्वरूप होते हुए भी तथा समस्त प्राणियों का ईश्वर होते हुए भी अपनी प्रकृति को अधीन करके अपनी योगमाया से प्रकट होता हूँ

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