समग्र समाचार सेवा
नई दिल्ली,8 नवंवर। आज कार्तिक माह का आखिरी दिन है, आज ही के दिन कार्तिक पूर्णिमा भी मनाई जाती है. इस दिन स्नान-दान, लक्ष्मी-नारायण की पूजन की जाती है. लिहाजा उत्तर प्रदेश से लेकर उत्तराखंड तक गंगा के किनारों पर श्रद्धालुओं का जनसैलाब उमड़ा हुआ है. गंगा नदी में पावन स्नान करने के लिए दूर जिलों से लोग गंगा के घाटों पर पहुंचे हुए हैं.
#WATCH उत्तर प्रदेश: गढ़मुक्तेश्वर में कार्तिक पूर्णिमा के अवसर पर श्रद्धालुओं ने गंगा नदी में पावन स्नान किया। pic.twitter.com/jlgyCcfpan
— ANI_HindiNews (@AHindinews) November 8, 2022
उत्तर प्रदेश के गढ़मुक्तेश्वर में भी सुबह से ही श्रद्धालु गंगा स्नान कर रहे हैं. सूर्योदय के बाद यह संख्या तेजी से बढ़ी है. प्रयागराज में संगम और वाराणसी के किनारे भी इसी तरह की भीड़ देखने को मिल रही है.
#WATCH उत्तराखंड: हरिद्वार में कार्तिक पूर्णिमा के अवसर पर श्रद्धालुओं ने गंगा नदी में पावन स्नान किया। pic.twitter.com/LVNs8Dakey
— ANI_HindiNews (@AHindinews) November 8, 2022
इधर सरयू और गंडक नदी में लोगों ने आस्था की डुबकी लगाई. मांझी के रामघाट, रिविलगंज के गोदना सेमरिया, सदर प्रखंड के चिरांद, दिघवारा के आमी घाट और सोनपुर के पहलेजा और सोनपुर में रात्रि 12 बजे से ही भाड़ी संख्या में श्ररधालुओ की भाड़ी भीड़ उमड़ी हुई है.
इसके अलावा बिहार के हाजीपुर में भी ऐसा ही नजारा देखने को मिला. हाजीपुर के ऐतिहासिक कनाडा घाट स्नान करने की परंपरा कई हजार सालों से चली आ रही है, पिछले 2 साल कोरोना के कारण स्नान के लिए कम लोग जुटे थे मगर इस साल 5 लाख से ज्यादा श्रद्धालुओं के स्नान करने की संभावना है. लाखों लोग तो देर रात ही स्नान के लिए पहुंच चुके हैं क्योंकि इस वर्ष पूर्णिमा के अवसर पर चंद्रग्रहण है जिसके कारण सुबह से ही सूतक लग जाना है और सूतक के कारण सभी मंदिरों के पाठ बंद हो जाएंगे जो भी श्रद्धालु स्नान कर बाबा भोले का जलाभिषेक कर रहे हैं.