समग्र समाचार सेवा
नई दिल्ली, 27 नवंबर। केंद्र सरकार ने सेंट्रल विस्टा पुनर्विकास योजना के तहत निष्पादित विभिन्न परियोजनाओं को समय पर पूरा करना सुनिश्चित करने के लिए वित्त विभाग के पूर्व सचिव रतन पी. वाटल की अध्यक्षता में 5 सदस्यीय समिति का गठन किया है।
25 नवंबर को जारी एक कार्यालय ज्ञापन में, केंद्रीय आवास और शहरी मामलों के मंत्रालय ने कहा कि ‘सेंट्रल विस्टा ओवरसाइट कमेटी’ विभिन्न परियोजना कार्यों के निर्बाध एकीकरण के लिए बहु-एजेंसी और हितधारक समन्वय सुनिश्चित करेगी।
मंत्रालय द्वारा जारी आदेश के अनुसार यह निगरानी समिति कार्य की गुणवत्ता एवं प्रगति की स्वतंत्र समीक्षा के लिए समय-समय पर स्थल का दौरा करेगी, नियमित अंतराल पर बैठक करेगी और मंत्रालय को अपनी रिपोर्ट एवं सुझाव देना जारी रखेगी.
मंत्रालय द्वारा 25 नवंबर को जारी कार्यालय ज्ञापन के अनुसार, डिप्टी कैग पीके तिवारी, एलएंडटी के पूर्व निदेशक शैलेंद्र रॉय, आईआईटी दिल्ली के प्रोफेसर मौसम के अलावा केंद्रीय आवास और शहरी मामलों के मंत्रालय के संयुक्त सचिव को समिति में शामिल किया गया है।
सरकार द्वारा जारी कार्यालय ज्ञापन के अनुसार, इस सेंट्रल विस्टा ओवरसाइट कमेटी का गठन 2 साल की अवधि के लिए या अगले आदेश तक (जो भी पहले हो) तक किया गया है।
सेंट्रल विस्टा प्रोजेक्ट की घोषणा सितंबर 2019 में की गई थी। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने दिसंबर 2020 में इस प्रोजेक्ट की आधारशिला रखी थी।