समग्र समाचार सेवा
नई दिल्ली, 10नवंबर।
इंडियन प्रीमियर लीग के 13वें सीजन का महा मुकाबला आज दिल्ली कैपिटल्सऔर मुंबई इंडियंस से बीच खेला जाना है। दुबई अंतरराष्ट्रीय स्टेडियम में होने वाले इस मैच जहां एक तरफ चार खिताब जीत चुकी अनुभवी मुंबई इंडियंस है तो वहीं युवा कप्तान श्रेयस अय्यर की अगुवाई में अपने पहले खिताब की तलाश में यहां तक पहुंची दिल्ली कैपिटल्स।
हालांकि पुराने सीजन को अनदेखा कर दें तो 13वें सीजन में दिल्ली और मुंबई, दोनों ही सबसे मजबूत टीमें रही हैं। मुंबई ने जहां अपने 14 लीग मैचों में 9 मैच जीते हैं, वहीं दिल्ली ने भी 8 में जीत हासिल की है। वैसे तो मुंबई ने 13वें सीजन में दिल्ली के खिलाफ खेले दोनों लीग मैच जीते हैं लेकिन जैसा कि मुंबई के कप्तान रोहित शर्मा ने खुद कहा है कि पिछले मैचों के बारे में ज्यादा नहीं सोच सकते हैं’।
जरूरी ये है कि, फाइनल मैच के दिन कौन सी टीम अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन कर सकेगी और इसके लिए जरूरी है कि दोनों टीमें अपने सबसे बेहतर 11 खिलाड़ियों को मैदान पर उतारे। यहां हम जानेंगे कि वो कौन से 11 खिलाड़ी होंगे जो फाइनल मैच के दिन मुंबई-दिल्ली टीम का हिस्सा बनेंगे।
मुंबई इंडियंस की बात करें तो पूरे सीजन इस टीम में कोई कमी नजर नहीं आई है। शीर्ष क्रम हो या मध्य क्रम, कप्तान रोहित, क्विंटन डी कॉक, इशान किशन और धमाकेदार फॉर्म में चल रहे सूर्यकुमार यादव की वजह से टीम की बल्लेबाजी पूरी तरह मजबूत है। वहीं मुंबई की निचला क्रम तो बेहद खतरनाक है जहां हार्दिक पांड्या और कीरोन पोलार्ड जैसे बल्लेबाज खेलते हैं।
गेंदबाजी में भी मुंबई का कोई सानी नहीं है। जसप्रीत बुमराह, ट्रेंट बोल्ट और जैम्स पैटिनसन जैसे घातक तेज गेंदबाजों के रहते टीम का पेस अटैक पूरी तरह अभेद है। वहीं बीच के ओवरों में राहुल चाहर और क्रुणाल पांड्या की स्पिन जोड़ी भी विकेट निकालने में माहिर है।
हालांकि फाइनल मैच से पहले रोहित ने दिल्ली के खिलाफ मैच से पहले स्पिनर जयंत यादव को प्लेइंग इलेवन में शामिल करने की बात कही है लेकिन टीम इतने अहम मुकाबले से पहले मैनेजमेंट शायद ही विनिंग कॉम्बिनेशन में बदलाव करने का सोचे।
मुंबई इंडियंस की संभावित प्लेइंग इलेवन: रोहित शर्मा, क्विंटन डी कॉक, सूर्यकुमार यादव, इशान किशन, कीरोन पोलार्ड, हार्दिक पांड्या, क्रुनाल पांड्या, नाथन कूल्टर नाइल, राहुल चाहर, ट्रेंट बोल्ट, जसप्रीत बुमराह।
यूं तो दिल्ली कैपिटल्स अंकतालिका में टीम लगभग मुंबई के बराबर है लेकिन स्क्वाड में सुतंलन की बात करें तो दिल्ली अभी दूर है। टीम के युवा सलामी बल्लेबाज पृथ्वी शॉ का बल्ला इस बार वो कमाल नहीं कर सका, जिसकी उनसे उम्मीद की जा रही थी लेकिन दूसरे छोर पर अनुभवी बल्लेबाज शिखर धवन ने रनों का अंबार लगाया है।
हालांकि दूसरे क्वालिफायर में धवन के साथ मार्कस स्टोइनिस को पारी की शुरुआत करने भेजने का टीम मैनेजमेंट का फैसला काम कर गया था लेकिन अगर फाइनल मुकाबले में धवन को अजिंक्य रहाणे जैसे अनुभवी खिलाड़ी का साथ मिलेगा तो दिल्ली को ना केवल अच्छी शुरुआत मिलेगी, बल्कि हालात बिगड़ने पर उनके पास नंबर 5 या 6 पर भेजने के लिए स्टोइनिस जैसे विस्फोटक बल्लेबाज भी होगा।
कगीसो रबाडा और एनरिक नॉर्टर्जे वाला पेस अटैक, दिल्ली की सबसे बड़ी ताकत है। हालांकि फाइनल मैच में स्पिनर प्रवीण दुबे की जगह तेज गेंदबाज हर्षल पटेल को मौका मिलता है तो ये पेस अटैक और भी मजबूत हो जाएगा। दूसरी ओर, स्पिन का जिम्मा रविचंद्रन अश्विन और अक्षर पटेल मिलकर संभाल सकते हैं।